राजस्थान में एक राजा का दूसरे राजा के साथ होने वाले पत्र व्यवहार को कहा जाता था
[A] सनद [B] खरीता [C] परवाना [D] जकात Answer: B राजस्थान में एक राजा का दूसरे राजा से होने वाले पत्र-व्यवहार को खरीता कहा जाता था। खरीता में राजकीय आज्ञापत्र आदि भेजे जाते थे।